Nukkad Natak

🔷 Nukkad Natak: “सुनो मेरी बात!”

एक जागरूकता अभियान – बच्चों की सुरक्षा के लिए


🔷 Overview

“सुनो मेरी बात!” एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक है जो बच्चों के लिए सुरक्षित बचपन सुनिश्चित करने हेतु जागरूकता फैलाता है। यह नाटक POCSO Act (Protection of Children from Sexual Offences Act) की जानकारी को सरल, संवादात्मक और नाटकीय रूप में बच्चों व अभिभावकों तक पहुँचाता है।

🔷 उद्देश्य

  • बच्चों को गुड टच और बैड टच के बीच फर्क समझाना
  • POCSO कानून के बारे में जागरूकता फैलाना
  • बच्चों को अपनी सुरक्षा के अधिकार के लिए जागरूक करना
  • डर या चुप्पी के बजाय बोलने और सहायता लेने की प्रेरणा देना

🔷 कलाकार

  • सूत्रधार: शिवाली
  • बच्चे: मीठी, वंश
  • विलेन/अजनबी: राशु
  • अध्यापिका: प्रेमांशी
  • पुलिसवाला: पियूष
  • वालंटियर्स और कोरस: मयंक, हर्षित

🔷 मुख्य भाग

  • प्रारंभिक उद्घोषणा: ढोल और तालियों की गूंज के साथ कलाकार मंच पर आते हैं
  • खतरे की पहचान: अजनबी की मीठी-वंश से मुलाकात और उनकी साहसी प्रतिक्रिया
  • जागरूक संवाद: मयंक और हर्षित द्वारा गुड टच, बैड टच की जानकारी
  • सहायता लेना: बच्चों द्वारा अध्यापिका से बात करना
  • POCSO Act का ज्ञान: अध्यापिका द्वारा बच्चों को सही जानकारी देना
  • पुलिस की भूमिका: पियूष द्वारा तत्पर कार्रवाई का संदेश
  • इंटरएक्टिव सेगमेंट: छात्रों से सवाल-जवाब
  • अंतिम नारे और गीत:
    कोई गंदी नजर डाले – तो हल्ला बोल!
    बिना पूछे कोई छुए – तो हल्ला बोल!
    डराए या धमकाए – तो हल्ला बोल!

🔷 प्रमुख संदेश

❝ चुप मत रहो – बोलो, बताओ, और सुरक्षा पाओ! ❞
❝ हर बच्चा सुरक्षित, जागरूक और आत्मनिर्भर बने! ❞

🔷 विशेष सुझाव

  • सभी बच्चों को “Surakshit Hoon” बैंड दिए गए
  • अंत में नारा दोहराने का खेल आयोजित किया गया
  • नाटक को डरावना नहीं बनाया गया – ताकि छोटे बच्चे सहज महसूस करें

🔷 अंत में

यह नाटक Step2gether Social Foundation की ओर से एक महत्वपूर्ण प्रयास है बच्चों को सुरक्षित बचपन देने की दिशा में। हम सभी को मिलकर इस संदेश को फैलाना है — ताकि डर के आगे सम्मान हो।

यह कार्यक्रम स्कूलों, सामाजिक संस्थाओं और समुदायों में जागरूकता हेतु प्रस्तुत किया जा सकता है। इच्छुक संस्थान इस नाटक के आयोजन के लिए हमसे संपर्क कर सकते हैं।

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